हेल्थ

रोजाना 3 हेल्दी ड्रिंक्स से कम हो सकता है कैंसर का खतरा

क्या आप जानते हैं कि सिर्फ तीन घरेलू ड्रिंक्स को अपने डेली रूटीन में शामिल करके आप न सिर्फ अपनी इम्युनिटी को बूस्ट कर सकते हैं, बल्कि कैंसर जैसी घातक बीमारी का रिस्क भी कम कर सकते हैं? न्यूट्रिशनिस्ट रीता जैन के अनुसार, आपकी रसोई में मौजूद कुछ सामान्य चीजें औषधीय गुणों से भरपूर होती हैं और ये आपके शरीर को अंदर से डिटॉक्स कर रोग प्रतिरोधक क्षमता को मजबूत बनाती हैं। आइए जानते हैं इन तीन चमत्कारी ड्रिंक्स के बारे में।

1. हल्दी-काली मिर्च का पानी

हल्दी को आयुर्वेद में ‘सुनहरा मसाला’ कहा जाता है। इसमें मौजूद करक्यूमिन नामक तत्व कैंसर-रोधी, एंटीऑक्सीडेंट और सूजन-नाशक गुणों से भरपूर होता है। जब इसे काली मिर्च के साथ लिया जाए, तो इसके गुण कई गुना बढ़ जाते हैं क्योंकि काली मिर्च में मौजूद पिपेरिन करक्यूमिन के अवशोषण को बेहतर बनाता है।

कैसे पिएं:
– एक गिलास गुनगुने पानी में आधा चम्मच हल्दी और चुटकीभर काली मिर्च मिलाएं।
– रोज सुबह खाली पेट सेवन करें।

फायदे:
– कैंसर कोशिकाओं के विकास को रोकने में मददगार
– शरीर में सूजन कम करता है
– फ्री रेडिकल्स से लड़कर कोशिकाओं को सुरक्षित रखता है

2. ब्लैक कॉफी (शुगर फ्री)

कॉफी सिर्फ नींद भगाने का जरिया नहीं, बल्कि यह कैंसर से लड़ने में भी कारगर हो सकती है। न्यूट्रिशनिस्ट के अनुसार, इसमें मौजूद एंटीऑक्सीडेंट्स और बायोएक्टिव कंपाउंड्स लिवर और कोलोरेक्टल कैंसर के खतरे को कम कर सकते हैं।

कैसे पिएं:
– बिना चीनी और दूध के 1–2 कप ब्लैक कॉफी लें।
– जरूरत से ज्यादा सेवन न करें।

फायदे:
– लिवर और आंतों के कैंसर से बचाव
– मेटाबॉलिज्म को बूस्ट करता है
– फोकस और एनर्जी लेवल बढ़ाता है

3. ग्रीन टी

ग्रीन टी को दुनिया की सबसे हेल्दी ड्रिंक्स में से एक माना जाता है। इसमें मौजूद पॉलीफेनोल्स, विशेष रूप से EGCG (Epigallocatechin Gallate), कैंसर कोशिकाओं की ग्रोथ को रोकने के लिए जाना जाता है।

कैसे पिएं:
– एक कप गर्म पानी में ग्रीन टी बैग डालें, 2–3 मिनट बाद निकालें।
– चाहें तो थोड़ा नींबू रस मिला सकते हैं।
– दिन में 1–2 बार पिएं।

फायदे:
– ब्रेस्ट, प्रोस्टेट और पेट के कैंसर का खतरा कम
– वजन घटाने में मदद
– दिल को हेल्दी रखता है


यह जानकारी केवल सामान्य जागरूकता के उद्देश्य से दी गई है। किसी भी तरह की हेल्थ से जुड़ी सलाह के लिए डॉक्टर या विशेषज्ञ से परामर्श अवश्य लें।

Related Articles

Back to top button