महिला जज को अश्लील मैसेज भेजने वाले वकील को 3 साल की सजा

लखनऊ: महिला सिविल जज को फेसबुक और मोबाइल पर अश्लील मैसेज भेजने के आरोपी वकील अभय प्रताप को दोषी करार देते हुए अदालत ने 3 साल की सजा सुनाई है। विशेष सीजेएम कुंवर मित्रेश सिंह कुशवाहा की अदालत ने आरोपी पर 61 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
अभियोजन अधिकारियों मशींदर प्रसाद चौहान और अजय कुमार यादव ने बताया कि पीड़िता 2019 से 2023 तक महाराजगंज जिले में अपर सिविल जज जूनियर डिवीजन के पद पर तैनात थीं। इस दौरान आरोपी वकील अभय प्रताप, जो महाराजगंज में वकालत करता था, ने जज को फेसबुक और सीयूजी मोबाइल पर आपत्तिजनक मैसेज भेजे।
मामला तब शुरू हुआ जब 29 सितंबर 2021 की रात आरोपी ने पीड़िता के फेसबुक अकाउंट पर अश्लील मैसेज भेजे। इसके बाद वह कोर्ट परिसर में उनके विश्राम कक्ष के आसपास भी नजर आने लगा और कोर्ट के काम में व्यवधान डालने लगा। जब पीड़िता ने उसे ब्लॉक कर दिया, तो वह मोबाइल पर मैसेज भेजकर प्रेम का इजहार करने लगा।
आखिरकार, पीड़िता ने 11 नवंबर 2022 को महाराजगंज सदर कोतवाली में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने विवेचना के बाद आरोपी के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की। सुनवाई के दौरान 27 जुलाई 2023 को जब पीड़िता का बयान दर्ज होना था, तब कुछ लोगों ने कोर्ट में हंगामा कर गवाही को रुकवा दिया। इसके बाद हाईकोर्ट ने मामला लखनऊ की विशेष कोर्ट में स्थानांतरित कर दिया।
अब अदालत के फैसले के बाद आरोपी को 3 साल की सजा सुनाई गई है, जिससे न्याय प्रणाली में महिलाओं की गरिमा की रक्षा का एक मजबूत संदेश गया है।



