प्राइवेट स्कूलों की मनमानी पर मनीष सिसोदिया का हमला

दिल्ली के प्रशांत विहार स्थित एक निजी स्कूल का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसमें दावा किया गया है कि छुट्टी के बाद बच्चों को केवल इसलिए स्कूल में जबरन रोके रखा गया क्योंकि वे स्कूल वैन का उपयोग नहीं करते। इस कथित घटना ने राजधानी की शिक्षा व्यवस्था पर बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है। वीडियो को देखते हुए आम आदमी पार्टी के वरिष्ठ नेता और दिल्ली के पूर्व शिक्षा मंत्री मनीष सिसोदिया ने तीखी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर लिखा, “दिल्ली में मासूम बच्चों को छुट्टी के बाद स्कूल में जबरन रोका गया, सिर्फ इसलिए क्योंकि उनके माता-पिता स्कूल वैन की जगह खुद उन्हें लेने आते हैं। ये कैसी सजा है?”
सिसोदिया ने आगे कहा, “भाजपा सरकार में प्राइवेट स्कूल अब शिक्षा के मंदिर नहीं, बल्कि माफिया के अड्डे बनते जा रहे हैं। बच्चों को डराकर और माता-पिता को धमकाकर भाजपा आखिर कौन-सी नई शिक्षा क्रांति लाना चाहती है?” उन्होंने भाजपा नेतृत्व वाली दिल्ली सरकार पर निशाना साधते हुए पूछा कि क्या शिक्षा अब व्यापार बनकर रह गई है, जहां स्कूल वैन सेवा को जबरन थोपने की कोशिश की जा रही है। सिसोदिया ने यह भी आरोप लगाया कि ये स्कूल प्रबंधन अभिभावकों से गैरज़रूरी शुल्क वसूलने के लिए ऐसे हथकंडे अपना रहा है और भाजपा सरकार मूकदर्शक बनी बैठी है।
इस प्रकरण ने दिल्ली के शिक्षा विभाग और प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए हैं। अभिभावकों में भी इस घटना को लेकर नाराजगी देखी जा रही है। कई लोगों का मानना है कि यह बच्चों की मानसिक और भावनात्मक सुरक्षा के साथ गंभीर खिलवाड़ है।


