चमोली में बादल फटने से तबाही: मकान ध्वस्त, सड़कें बंद, प्रशासन राहत कार्य में जुटा

उत्तराखंड में एक बार फिर भारी बारिश ने तबाही मचाई है। उत्तरकाशी में हाल ही में बादल फटने की घटना के बाद अब चमोली जनपद के थराली तहसील में देर रात बादल फट गया। इस आपदा से कई मकानों को भारी नुकसान हुआ है और एसडीएम आवास भी पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। चमोली के जिलाधिकारी संदीप तिवारी ने स्थिति की पुष्टि की और बताया कि क्षेत्र में मलबे का ढेर लग गया है, जिससे हालात गंभीर बने हुए हैं।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने घटना पर गहरा दुःख व्यक्त करते हुए चमोली के जनप्रतिनिधियों से फोन पर विस्तृत जानकारी ली। उन्होंने स्थानीय विधायक से मौके पर रहकर राहत व बचाव कार्यों का निरीक्षण करने और प्रशासन का सहयोग करने की अपील की है।

आपदा के बाद थराली में बीआरओ ने हिल कटिंग कर वॉशआउट सड़क को आवागमन के लिए खोल दिया है। डीएम ने बताया कि हरमनी मार्ग को भी जल्द बहाल किया जाएगा। इस बीच एनडीआरएफ और एसडीआरएफ की टीमें लगातार राहत कार्य में लगी हुई हैं। एनडीआरएफ के 27 जवान मौके पर मौजूद हैं और अस्पतालों में भी सभी आवश्यक व्यवस्थाएं कर दी गई हैं ताकि किसी भी स्थिति से निपटा जा सके।
जिलाधिकारी संदीप तिवारी स्वयं मौके पर मौजूद रहकर राहत कार्यों का निरीक्षण कर रहे हैं। जेसीबी मशीनों की मदद से मलबा हटाने का कार्य तेज गति से जारी है। भारी बारिश के चलते थराली, देवाल और नारायणबगड़ विकासखंडों के सभी विद्यालयों में आज अवकाश घोषित किया गया है।

प्रशासन ने आम जनता से अपील की है कि वे सुरक्षित स्थानों पर रहें और किसी भी आपात स्थिति में तुरंत स्थानीय प्रशासन से संपर्क करें। इस प्राकृतिक आपदा ने एक बार फिर पहाड़ों की नाजुक भौगोलिक स्थिति को उजागर कर दिया है।



