
निश्चय टाइम्स डेस्क। शहर के कुंडरी रकाबगंज इलाके में दबंगई और अवैध कब्जे की एक गंभीर घटना सामने आई है। मकान संख्या 255/390 एफ में रहने वाली बुजुर्ग महिला जया शेखर, पत्नी स्वर्गीय विधु शेखर, के घर की दीवार तोड़कर पड़ोसी द्वारा कब्जा करने की कोशिश की गई।
आरोप है कि पड़ोस में रहने वाली मोहिनी गुप्ता ने अपने पति राजन गुप्ता के साथ मिलकर योजनाबद्ध तरीके से पीड़िता के मकान की प्लास्टर्ड दीवार को गिरा दिया। इस कार्रवाई का उद्देश्य मकान के अंदर जबरन रास्ता बनाकर कब्जा करना बताया जा रहा है। घटना के समय बुजुर्ग महिला दहशत में आ गईं।
पीड़िता श्रीमती जया शेखर ने तत्काल पांडेयगंज चौकी पहुंचकर पूरी घटना की सूचना पुलिस को दी। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच के बाद मोहिनी गुप्ता की कार्रवाई को प्रथम दृष्टया गलत पाया। दोनों पक्षों को थाने बुलाया गया, जहां थाना प्रभारी ने तथ्यों और साक्ष्यों के आधार पर मोहिनी गुप्ता व उनके पति राजन गुप्ता को दोषी माना।
पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ दीवार गिराने, जबरन घुसपैठ और कब्जे के प्रयास की धाराओं में एफआईआर दर्ज कर ली है और आगे की विधिक कार्रवाई का आश्वासन पीड़िता को दिया गया है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि आरोपी महिला आए दिन मोहल्ले में विवाद करती रहती है और खुद को कानून से ऊपर समझती है। आरोप यह भी है कि घटना के दौरान आरोपी महिला ने पुलिस से भी बहस की और दबंगई दिखाई।
प्रदेश में जहां एक ओर मुख्यमंत्री की सख्त कानून व्यवस्था की नीति के चलते अपराधियों पर शिकंजा कस रहा है, वहीं इस तरह की घटनाएं यह सवाल खड़ा करती हैं कि क्या दबंगों का हौसला अब भी पूरी तरह टूटा नहीं है?
हालांकि, इस मामले में पुलिस की त्वरित कार्रवाई से यह साफ है कि कानून का डर अभी जिंदा है और न्याय की उम्मीद कायम है।


