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नई दिल्ली: ‘एनपीएस वात्सल्य योजना’ का शुभारंभ, नाबालिगों के लिए पेंशन की नई शुरुआत

केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने केंद्रीय बजट 2024-25 में की गई घोषणा के अनुसार, आज नई दिल्ली में ‘नाबालिगों के लिए पेंशन योजना’ – एनपीएस वात्सल्य योजना का शुभारंभ किया। इस अवसर पर केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री श्री पंकज चौधरी भी उपस्थित रहे और सभा को संबोधित किया। इस कार्यक्रम में वित्तीय सेवा विभाग के सचिव और पीएफआरडीए के अध्यक्ष भी शामिल थे।
यह आयोजन देशभर में 75 विभिन्न स्थानों पर एक साथ आयोजित किया गया, जिसमें 250 से अधिक नाबालिगों को PRAN कार्ड वितरित किए गए। कार्यक्रम में विभिन्न स्कूलों के बच्चे उत्साहपूर्वक शामिल हुए, जो भविष्य में योजना के लाभार्थी बनने की उम्मीद रखते हैं।
 एनपीएस वात्सल्य योजना की विशेषताएँ
एनपीएस वात्सल्य योजना का उद्देश्य देश के नाबालिगों में वित्तीय सुरक्षा और बचत की आदत को प्रोत्साहित करना है। योजना के तहत नाबालिगों को एक स्थायी सेवानिवृत्ति खाता संख्या (PRAN) प्राप्त होगी, जिसके माध्यम से वे बचत कर सकेंगे और चक्रवृद्धि ब्याज के माध्यम से भविष्य में एक बड़ी धनराशि जमा कर पाएंगे।

यह योजना विकसित भारत @2047 के लक्ष्यों में सामाजिक सुरक्षा का एक महत्वपूर्ण आधार बनने की ओर बढ़ रही है। योजना की अंशदायी प्रकृति से यह सुनिश्चित होगा कि भविष्य में सरकारी वित्तीय संसाधनों पर कोई अतिरिक्त भार न पड़े। इस योजना के माध्यम से बच्चों में बचपन से ही आर्थिक समझदारी और सुरक्षित भविष्य के प्रति जागरूकता बढ़ेगी।
पात्रता और योजना की प्रमुख विशेषताएँ:
1. नाबालिग नागरिकों के लिए उपलब्ध यह योजना केवल उन बच्चों के लिए है जिनकी उम्र 18 वर्ष से कम है।
2. खाता संचालन: खाता नाबालिग के नाम पर खोला जाएगा और इसे उसके माता-पिता या अभिभावक द्वारा संचालित किया जाएगा।
3. खाता खोलने के विकल्प: योजना को विभिन्न बैंकों, इंडिया पोस्ट, पेंशन फंड और ऑनलाइन प्लेटफार्मों (ई-एनपीएस) के माध्यम से खोला जा सकता है।
4. न्यूनतम योगदान: योजना में सब्सक्राइबर को प्रति वर्ष कम से कम 1000 रुपये का योगदान करना होगा। अधिकतम योगदान की कोई सीमा नहीं है।
5. विविध निवेश विकल्प: पीएफआरडीए सब्सक्राइबर को सरकारी प्रतिभूतियों, कॉर्पोरेट ऋण और इक्विटी में निवेश के विकल्प प्रदान करेगा। निवेशक अपनी जोखिम क्षमता और वांछित लाभ के आधार पर इन विकल्पों का चयन कर सकते हैं।
6. वयस्क होने पर योजना का रूपांतरण: जब सब्सक्राइबर 18 वर्ष का हो जाएगा, तो उसका खाता सामान्य एनपीएस खाते में परिवर्तित हो जाएगा, जिससे उसे अधिक लाभ मिल सकेंगे।

 वित्त मंत्री की प्रेरक बातें
कार्यक्रम के दौरान केंद्रीय वित्त मंत्री श्रीमती निर्मला सीतारमण ने इस बात पर जोर दिया कि सरकार का उद्देश्य सभी नागरिकों के लिए दीर्घकालिक वित्तीय सुरक्षा को बढ़ावा देना है। उन्होंने कहा कि यह योजना भारत को “पेंशनभोगी समाज” बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
श्रीमती सीतारमण ने इस बात पर भी ध्यान आकर्षित किया कि एनपीएस वात्सल्य योजना बच्चों में बचत की आदत को विकसित करेगी और उन्हें वित्तीय रूप से आत्मनिर्भर बनने में मदद करेगी। यह योजना एक ऐसे भारत की परिकल्पना करती है, जहाँ हर नागरिक आर्थिक रूप से सशक्त हो और वृद्धावस्था में वित्तीय सुरक्षा प्राप्त कर सके।
वित्त राज्य मंत्री का वक्तव्य
वित्त राज्य मंत्री श्री पंकज चौधरी ने योजना को सरकार की ओर से समावेशी आर्थिक विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया। उन्होंने इस योजना को लागू करने वाले सभी संस्थानों से इसके अधिकतम कवरेज और संतृप्ति सुनिश्चित करने का आग्रह किया। श्री चौधरी ने बताया कि एनपीएस वात्सल्य योजना बच्चों को भविष्य के लिए वित्तीय रूप से तैयार करने का एक अनूठा प्रयास है, जिससे वे अपने जीवन की शुरुआत से ही जिम्मेदार आर्थिक निर्णय ले सकें।
 लखनऊ में हुआ कार्यक्रम का प्रसारण
लखनऊ के विकास नगर स्थित पायनियर मोंटेसरी स्कूल के पूरन सिंह मेमोरियल मिनी ऑडिटोरियम में एनपीएस वात्सल्य योजना का सजीव प्रसारण किया गया। इस कार्यक्रम का उद्घाटन बैंक ऑफ इंडिया के एफ.जी.एम.ओ उत्तर प्रदेश के महाप्रबंधक श्री अमरेन्द्र कुमार द्वारा किया गया।
इस कार्यक्रम में विभिन्न बैंकों के प्रदेश प्रमुख, नाबार्ड के महाप्रबंधक श्री विनोद कुमार, आईडीबीआई के महाप्रबंधक श्री स्वर्ण सिंह, स्कूल की निदेशिका सुश्री शर्मिला सिंह, प्रधानाचार्या डॉ. अर्चना सिंह, अध्यापकगण, छात्र और अभिभावक बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।
विद्यालय के छात्रों अद्विक उपाध्याय, समर्थ दीक्षित, राघवेन्द्र यादव, अंशिका कठेरिया और हर्षिका को PRAN कार्ड प्रदान किए गए, जो इस योजना के पहले लाभार्थी बने। कार्यक्रम के अंत में एस.एल.बी.सी उपमहाप्रबंधक श्री रोहित जिनिवाल द्वारा धन्यवाद प्रस्ताव प्रस्तुत किया गया। इस पूरे आयोजन को अग्रणी जिला प्रबंधक श्री मनीष पाठक और उनके कार्यालय के समस्त स्टाफ की देखरेख में हर्षोल्लास के साथ मनाया गया।

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