(FILES) In this file photo taken on February 1, 2020, India's Home Minister Amit Shah gestures as he arrives at the Parliament House in New Delhi. - Indias powerful Home Minister Amit Shah -- Prime Minister Narendra Modi's right-hand man tweeted on August 2 that he had tested positive for the coronavirus and admitted himself to hospital on the advice of doctors even though my health is fine. (Photo by Prakash SINGH / AFP)
नई दिल्ली: केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने नक्सलियों के खिलाफ कड़ा रुख अपनाते हुए शुक्रवार को घोषणा की कि देश से **माओवाद** को 31 मार्च 2026 तक पूरी तरह समाप्त कर दिया जाएगा। उन्होंने नक्सलियों से हिंसा छोड़ने और आत्मसमर्पण करने की अपील की, साथ ही चेतावनी दी कि अगर ऐसा नहीं हुआ तो उनके खिलाफ एक व्यापक अभियान शुरू किया जाएगा।
नक्सलियों से अपील: हिंसा छोड़ें और आत्मसमर्पण करें
अमित शाह ने छत्तीसगढ़ में नक्सली हमले के 55 पीड़ितों को संबोधित करते हुए कहा, “मैं नक्सलियों से अपील करता हूं कि वे पूर्वोत्तर के उग्रवादियों की तरह हिंसा का रास्ता छोड़ दें और हथियार डालकर मुख्यधारा में लौट आएं।” उन्होंने स्पष्ट चेतावनी देते हुए कहा कि अगर नक्सलियों ने ऐसा नहीं किया, तो उनके खिलाफ बड़े पैमाने पर कार्रवाई की जाएगी।
2026 तक माओवाद का होगा अंत
गृह मंत्री ने कहा, “प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश से नक्सली हिंसा और उनकी विचारधारा को खत्म करने का संकल्प लिया है। हम 31 मार्च 2026 तक माओवाद का पूर्णतः खात्मा कर देंगे।” शाह ने कहा कि सुरक्षा बलों ने माओवादियों के खिलाफ पहले ही कई महत्वपूर्ण सफलताएं हासिल की हैं और यह समस्या अब केवल छत्तीसगढ़ के चार जिलों तक सीमित रह गई है।
नक्सली हिंसा के खिलाफ व्यापक अभियान की तैयारी
अमित शाह ने कहा कि अगर नक्सली आत्मसमर्पण नहीं करते, तो उनके खिलाफ एक व्यापक अभियान जल्द ही शुरू किया जाएगा। उन्होंने बताया कि एक समय माओवादियों ने नेपाल के पशुपतिनाथ से लेकर आंध्र प्रदेश के तिरुपति तक एक गलियारा बनाने की साजिश रची थी, लेकिन मोदी सरकार ने उनकी इस योजना को नाकाम कर दिया।
नक्सल हिंसा पीड़ितों के लिए कल्याणकारी योजनाएं
गृह मंत्री ने छत्तीसगढ़ के नक्सल हिंसा प्रभावित लोगों के लिए कल्याणकारी योजनाओं की भी घोषणा की। उन्होंने कहा कि गृह मंत्रालय जल्द ही राज्य सरकार के साथ मिलकर पीड़ितों के लिए योजनाएं तैयार करेगा, जिनमें **नौकरी, स्वास्थ्य सेवा** और अन्य कल्याणकारी कदम शामिल होंगे। शाह ने कहा, “हम आपकी हरसंभव मदद करेंगे, ताकि आप एक सुरक्षित और बेहतर जीवन जी सकें।”
गृह मंत्री अमित शाह का यह बयान देश में माओवाद के खिलाफ सरकार के दृढ़ संकल्प को दर्शाता है। उनका मानना है कि अगर नक्सली समय रहते आत्मसमर्पण नहीं करते, तो उनके खिलाफ कठोर कदम उठाए जाएंगे। केंद्र सरकार और राज्य सरकारें मिलकर इस समस्या को खत्म करने के लिए लगातार काम कर रही हैं, और आने वाले वर्षों में माओवाद को समाप्त करने के लिए बड़े अभियान की संभावना है।