मुरादाबाद: अवैध वसूली के खिलाफ ग्रामीणों का गुस्सा, पुलिस पर पथराव और प्रदर्शन

मुरादाबाद जिले के ठाकुरद्वारा कोतवाली क्षेत्र के दलपत गांव में शुक्रवार को एक युवक की संदिग्ध हालातों में मौत के बाद ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा। ग्रामीणों ने युवक की मौत के लिए स्थानीय पुलिस को जिम्मेदार ठहराया है, आरोप है कि अवैध वसूली के चलते पुलिस ने ट्रैक्टर-ट्रॉली का पीछा किया, जिससे यह दर्दनाक हादसा हुआ।
घटना का पूरा विवरण
ग्रामीणों के मुताबिक, 27 वर्षीय लोकेश उर्फ मोनू सैनी अपने खेत से मिट्टी उठाकर अपने प्लॉट में भराव के लिए ट्रैक्टर-ट्रॉली ले जा रहा था। तभी पुलिस ने कथित रूप से अवैध वसूली के इरादे से ट्रैक्टर का पीछा किया। इसी दौरान ट्रैक्टर अनियंत्रित हो गया और मोनू उसके नीचे दब गया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई।

गुस्साए ग्रामीणों का हंगामा
इस हादसे के बाद इलाके में अफरातफरी मच गई। आक्रोशित ग्रामीणों ने पुलिस टीम को घेर लिया और उनकी जीप की हवा निकाल दी। इसके बाद स्थिति बिगड़ गई, ग्रामीणों ने पुलिस पर पथराव करना शुरू कर दिया। भीड़ ने एक सिपाही को पकड़कर उसकी पिटाई कर दी, जिससे वह घायल हो गया। घायल सिपाही को तुरंत अस्पताल भेजा गया। स्थिति को काबू में करने के लिए पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा।
ग्रामीणों का आरोप
ग्रामीणों का आरोप है कि पुलिस आए दिन खनन से जुड़े वाहनों से जबरन वसूली करती है। उनका कहना है कि पुलिस ने ट्रैक्टर चालक को जबरन रुकवाने की कोशिश की, जिसके चलते यह हादसा हुआ। गुस्साए ग्रामीणों ने ठाकुरद्वारा-जसपुर रोड पर जाम लगाकर पुलिस के खिलाफ प्रदर्शन किया और दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ हत्या का केस दर्ज करने की मांग की।

पुलिस और प्रशासन का रुख
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की निष्पक्ष जांच की जाएगी। पुलिस ने ग्रामीणों से शांति बनाए रखने की अपील की है और भरोसा दिलाया है कि दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा। प्रशासन की ओर से यह भी कहा गया है कि ग्रामीणों के आरोपों की गंभीरता से जांच की जाएगी और यदि कोई पुलिसकर्मी दोषी पाया जाता है, तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। यह घटना पुलिस और ग्रामीणों के बीच अविश्वास की गंभीर स्थिति को दर्शाती है। पुलिस पर अवैध वसूली के आरोप गंभीर हैं, और ग्रामीणों की मांग है कि दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई होनी चाहिए। प्रशासन को मामले की निष्पक्ष जांच करते हुए जल्द से जल्द न्याय सुनिश्चित करना होगा, ताकि ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकी जा सके।



