पाकिस्तान क्रिकेट की मौजूदा स्थिति ने देश के पूर्व दिग्गज खिलाड़ियों और प्रशंसकों को हैरान कर दिया है। हाल ही में बाबर आजम और शाहीन अफरीदी जैसे बड़े नामों को टेस्ट टीम से बाहर करने के फैसले पर क्रिकेट जगत में बड़ी बहस छिड़ गई है। इसी बीच इंग्लैंड के पूर्व कप्तान नासिर हुसैन के बयान पर पाकिस्तान के महान तेज गेंदबाज वसीम अकरम ने सहमति जताई है।
नासिर हुसैन की आलोचना पर वसीम अकरम की प्रतिक्रिया
इंग्लैंड के खिलाफ दूसरे टेस्ट से पहले, पाकिस्तान क्रिकेट में आए भूचाल के बारे में बात करते हुए नासिर हुसैन ने पाकिस्तान क्रिकेट के संचालन पर गंभीर सवाल उठाए। हुसैन ने कहा कि बाबर आज़म और शाहीन अफ़रीदी को बाहर करने का फैसला सिर्फ उनके फॉर्म की वजह से नहीं लिया गया है, बल्कि पाकिस्तान क्रिकेट के पर्दे के पीछे चल रहे असमंजस और गलत प्रबंधन के कारण यह स्थिति उत्पन्न हुई है।
हुसैन के इस बयान पर वसीम अकरम ने सहमति जताते हुए कहा, “मुझे लगता है कि नासिर हुसैन और माइकल अर्थटन सही बातें कह रहे हैं।” उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि पाकिस्तान क्रिकेट का संचालन जिस तरह से किया जा रहा है, उसमें बहुत सी खामियां हैं। सोशल मीडिया पर वसीम अकरम की यह प्रतिक्रिया वायरल हो रही है, और फैन्स इसपर अपनी प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं।
पाकिस्तान क्रिकेट में लगातार बदलाव: एक बड़ी समस्या
वसीम अकरम ने अपने बयान में यह भी कहा कि पाकिस्तान में चयनकर्ताओं की संख्या भी बढ़ी है, जो प्रबंधन में असमंजस को दर्शाता है। उन्होंने कहा, “अखबार में मैंने देखा कि 26 अलग-अलग चयनकर्ता थे, दूसरे में 27 लिखा था। कोई भी गिनती नहीं कर सकता। इंग्लैंड में कितने चयनकर्ता रहे हैं? शायद दो या तीन। लेकिन अगर आप चयनकर्ता, कोच, कप्तान लगातार बदलते रहेंगे, तो आगे की योजना बनाना असंभव हो जाता है।”
वसीम अकरम का यह बयान पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (PCB) के नेतृत्व और निर्णय लेने की प्रक्रिया की आलोचना के रूप में देखा जा रहा है। उनका मानना है कि जब तक योजना लंबे समय की न हो, तब तक किसी भी खेल टीम में सफलता पाना मुश्किल होता है।
“अल्पकालिक सोच से बचना होगा”: वसीम अकरम
वसीम अकरम ने यह भी कहा कि जब भी आप अल्पकालिक सोच के साथ निर्णय लेते हैं, तो उसका असर टीम की तैयारी पर पड़ता है। उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि जब आप पहला टेस्ट हार जाते हैं, तो आप समाधान की तलाश में संघर्ष कर रहे होते हैं।
पूर्व इंग्लिश कप्तान नासिर हुसैन ने भी इसी बात को लेकर चिंता जताई। उन्होंने कहा, “मैं वास्तव में पाकिस्तान क्रिकेट के लिए महसूस करता हूं, और हमें उनके प्रति कठोर नहीं होना चाहिए, लेकिन कई बार वे खुद ही अपने पैरों पर कुल्हाड़ी मार लेते हैं।”
प्रशंसकों और पूर्व खिलाड़ियों की चिंता
पाकिस्तान क्रिकेट के मौजूदा हालात को लेकर न केवल वसीम अकरम और नासिर हुसैन ने अपनी चिंता व्यक्त की है, बल्कि कई अन्य पूर्व खिलाड़ी और प्रशंसक भी इस फैसले पर सवाल उठा रहे हैं। पाकिस्तान क्रिकेट में जिस तरह से अचानक और बिना किसी योजना के बदलाव किए जा रहे हैं, वह भविष्य में टीम के प्रदर्शन को गंभीर रूप से प्रभावित कर सकता है।
वसीम अकरम का यह बयान इस बात का संकेत है कि पाकिस्तान क्रिकेट को सही दिशा में ले जाने के लिए ठोस और दीर्घकालिक योजना की जरूरत है, ताकि टीम एक मजबूत स्थिति में वापस आ सके |