डिक्की उत्तर प्रदेश की बजट समीक्षा बैठक में दलित उद्यमियों ने बजट को बताया सकारात्मक, रोजगार और निवेश को मिलेगा बढ़ावा

निश्यचय टाइम्स डेस्क। नीष वर्मा, प्रेसिडेंट, डिक्की उत्तर प्रदेश (Dalit Indian Chamber of Commerce and Industry – DICCI) के नेतृत्व में होटल Celestial Manor में केंद्रीय बजट पर एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक का आयोजन किया गया। इस बैठक में उत्तर प्रदेश के विभिन्न जिलों से आए 50 से अधिक दलित उद्यमियों ने सहभागिता की और बजट 2026 को समग्र रूप से सकारात्मक और अवसरों से भरपूर बताया।
बैठक के दौरान उद्यमियों ने कहा कि बजट में पशुपालन, मत्स्य पालन, पर्यटन, फूड प्रोसेसिंग, महिला उद्यमिता तथा बुनियादी ढांचे जैसे क्षेत्रों पर दिया गया जोर दलित उद्यमियों को मुख्यधारा में लाने में सहायक सिद्ध होगा। विशेष रूप से पशुपालन के निजी क्षेत्रों में प्रस्तावित नई योजनाएं, मेडिकल एक्सपर्ट्स और हॉस्पिटल्स से जुड़े प्रावधानों के साथ, दलित उद्यमियों के लिए लाभकारी हो सकती हैं। प्रतिभागियों ने कहा कि दलित समुदाय धरातल से जुड़े होने के कारण पशुओं की सामान्य देखरेख और प्रबंधन में पहले से दक्ष है, जिससे इन योजनाओं का सीधा लाभ उन्हें मिल सकता है।
मत्स्य पालन क्षेत्र में 500 नए जलाशयों के निर्माण और अमृत सरोवरों के नवीनीकरण के लिए किए गए बजटीय प्रावधानों को भी उद्यमियों ने अत्यंत सराहनीय बताया। उनका मानना है कि इससे ग्रामीण क्षेत्रों में स्वरोजगार के नए अवसर सृजित होंगे और दलित उद्यमियों की आय में स्थायी वृद्धि संभव होगी।
पर्यटन क्षेत्र में घोषित विभिन्न योजनाओं और निवेश प्रावधानों को दलित उद्यमियों ने अपनी आर्थिक गतिशीलता के लिए महत्वपूर्ण बताया। होमस्टे, स्थानीय परिवहन, हस्तशिल्प, खान-पान और सेवा आधारित गतिविधियों में दलित उद्यमियों की भागीदारी बढ़ने की संभावना जताई गई।
इसी तरह फूड प्रोसेसिंग सेक्टर में रोजगार और उद्यमिता की संभावनाओं को उत्साहवर्धक बताया गया। प्रतिभागियों ने कहा कि कृषि आधारित उत्पादों के प्रसंस्करण से न केवल रोजगार बढ़ेगा, बल्कि छोटे और मध्यम स्तर के दलित उद्यमियों को बाजार से जोड़ने में भी मदद मिलेगी।
बैठक में महिला उद्यमियों की बढ़ती भागीदारी को दलित उद्यमिता के लिए नई ऊर्जा देने वाला कदम बताया गया। इसके साथ ही इन्फ्रास्ट्रक्चर और निवेश पर बढ़े बजटीय आवंटन को दलित उद्यमियों के लिए दीर्घकालिक मजबूती का आधार माना गया।
अंत में, मनीष वर्मा ने कहा कि डिक्की उत्तर प्रदेश दलित उद्यमियों को सरकारी योजनाओं से जोड़ने, क्षमता निर्माण और बाजार तक पहुंच सुनिश्चित करने के लिए लगातार कार्य करता रहेगा।



