जलती लाश का केवल बीच का हिस्सा बचा है। घटनास्थल पर लकड़ी के तख्त और एक चप्पल का जोड़ा पाया गया। स्कूल के संस्थापक प्रबंधक जामवंत शर्मा की बेटी और पत्नी ने दावा किया है कि यह लाश उनके रिश्तेदार की है। उनका कहना है कि मृतक गले में चाबियों का गुच्छा पहनते थे, जो घटनास्थल पर मिला है। साथ ही, वहां पाई गई चप्पलें भी उनकी बताई जा रही हैं।
पुलिस की जांच जारी
घटना की जानकारी मिलते ही सीओ सदर सत्येंद्र भूषण, एसओ वाल्टरगंज उमाशंकर त्रिपाठी, फोरेंसिक टीम और अन्य पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे। पुलिस ने घटनास्थल से सबूत इकट्ठा करना शुरू कर दिया है। अधिकारियों ने कहा कि शव की पहचान फिलहाल स्पष्ट नहीं है और जांच पूरी होने के बाद ही स्थिति साफ हो पाएगी।
ग्रामीणों में दहशत
घटना के बाद से गांव में भय और अनिश्चितता का माहौल है। ग्रामीणों ने ऐसी भयावह घटना पहली बार देखी है।
अभी स्पष्ट नहीं शव किसका
पुलिस ने कहा कि अभी यह कहना जल्दबाजी होगी कि शव किसका है। सभी संभावित कोणों से जांच की जा रही है। यह घटना स्थानीय लोगों के लिए रहस्य बन गई है और पुलिस जल्द से जल्द मामले को सुलझाने का प्रयास कर रही है।
घटना ने इलाके में सुरक्षा और कानून व्यवस्था को लेकर कई सवाल खड़े कर दिए हैं।