नई दिल्ली: रविवार सुबह दिल्ली के रोहिणी के प्रशांत विहार इलाके में सीआरपीएफ स्कूल के पास हुए धमाके ने सुरक्षा एजेंसियों को सतर्क कर दिया है। धमाके के बाद, देर रात पाकिस्तान से चलने वाले टेलीग्राम चैनल ‘जस्टिस लीग इंडिया’ पर खालिस्तानी आतंकियों के इस हमले में शामिल होने का दावा किया गया। इसके बाद यह मैसेज पाकिस्तान से जुड़े अन्य टेलीग्राम चैनलों पर भी सर्कुलेट हुआ।
दिल्ली पुलिस ने मांगी टेलीग्राम से जानकारी
दिल्ली पुलिस सूत्रों के अनुसार, पुलिस ने टेलीग्राम को पत्र लिखकर ‘जस्टिस लीग इंडिया’ चैनल से संबंधित जानकारी मांगी है। धमाके के तुरंत बाद चैनल पर धमाके की सीसीटीवी फुटेज और एक पोस्ट शेयर की गई थी। पुलिस ने अन्य सोशल मीडिया प्लेटफार्मों से भी जानकारी मांगी है, हालांकि टेलीग्राम ने अब तक पुलिस को कोई जवाब नहीं दिया है। जांच जारी है और अभी तक किसी संगठन की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
धमाके से दहला रोहिणी
सुबह 7:47 बजे सीआरपीएफ स्कूल के पास हुए धमाके की आवाज़ दो किलोमीटर दूर तक सुनी गई, जिससे आसपास के इलाकों में हड़कंप मच गया। धमाके से स्कूल की दीवार क्षतिग्रस्त हो गई और कई गाड़ियों तथा दुकानों के शीशे टूट गए। धमाके के तुरंत बाद राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) और नेशनल सिक्योरिटी गार्ड (एनएसजी) की टीमों ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू की। एनएसजी ने घटनास्थल को अपने कब्जे में लेकर विस्फोट के लिए इस्तेमाल हुए सामग्री का पता लगाने का प्रयास किया।
गृह मंत्रालय ने मांगी रिपोर्ट
गृह मंत्रालय ने इस घटना को गंभीरता से लेते हुए दिल्ली पुलिस से विस्तृत रिपोर्ट मांगी है। पुलिस उपायुक्त अमित गोयल ने बताया कि धमाके के कारण स्कूल की दीवार में एक बड़ा गड्ढा हो गया और वहां से दुर्गंध आ रही थी। एफएसएल टीम ने मौके से सफेद पाउडर और तारनुमा सामग्री के नमूने भी जुटाए हैं, जिससे यह संकेत मिलता है कि धमाका संभवतः एक क्रूड बम का था।
13 साल बाद दिल्ली में बड़ा धमाका
दिल्ली में 13 साल बाद इस प्रकार का धमाका हुआ है। इससे पहले सितंबर 2011 में दिल्ली हाईकोर्ट में धमाका हुआ था, जिसमें 11 लोगों की मौत हुई थी। इसके बाद जनवरी 2022 में गाजीपुर मंडी में भी आईईडी विस्फोटक बरामद हुआ था।
धमाके में कोई हताहत नहीं, सुरक्षा बल अलर्ट पर
हालांकि इस धमाके में कोई हताहत नहीं हुआ, लेकिन इलाके में सुरक्षा कड़ी कर दी गई है। जहां धमाका हुआ वहां से 50 मीटर की दूरी पर 20 लोग मौजूद थे, जो सुरक्षित हैं। पुलिस ने अन्य इलाकों में भी सुरक्षा बढ़ा दी है और अतिरिक्त सतर्कता बरती जा रही है।
सुरक्षा एजेंसियां अब टेलीग्राम चैनलों पर किए जा रहे दावों और मौके पर मिले साक्ष्यों की गहनता से जांच कर रही हैं।