रेलवे नेटवर्क विस्तार को कैबनेट की मंजूरी

- 6 राज्यों में 574 किलोमीटर रेलवे विस्तार और पीएम किसान संपदा योजना को 1,920 करोड़ की अतिरिक्त राशि
नयी दिल्ली। रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने गुरुवार को बताया कि केंद्र सरकार ने छह राज्यों-महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश, पश्चिम बंगाल, बिहार, ओडिशा और झारखंड में फैली चार मल्टीट्रैकिंग रेलवे परियोजनाओं को मंज़ूरी दे दी है। इन परियोजनाओं के तहत भारतीय रेलवे नेटवर्क में 574 किलोमीटर का विस्तार होगा। यह फैसला पीएम-गति शक्ति राष्ट्रीय मास्टर प्लान के तहत लिया गया है, जिसका उद्देश्य परिवहन अवसंरचना को मजबूत करना है।
चार प्रमुख परियोजनाएं:
स्वीकृत परियोजनाओं में इटारसी-नागपुर चौथी लाइन, छत्रपति संभाजीनगर-परभणी दोहरीकरण, अलुआबाड़ी रोड-न्यू जलपाईगुड़ी तीसरी और चौथी लाइन तथा डांगोआपोसी-जरोली तीसरी और चौथी लाइन शामिल हैं। इनसे 2,300 से अधिक गांवों को बेहतर कनेक्टिविटी मिलेगी। रेलवे मंत्रालय ने कहा कि इन परियोजनाओं से ट्रेनों की गति और समयबद्धता बेहतर होगी, परिचालन दक्षता में वृद्धि होगी और भीड़भाड़ कम होगी।

कृषि क्षेत्र को भी बढ़ावा:
कैबिनेट ने प्रधानमंत्री किसान संपदा योजना के लिए 1,920 करोड़ रुपये की अतिरिक्त राशि स्वीकृत की है, जिससे इसका कुल परिव्यय अब 6,520 करोड़ रुपये हो गया है। इस राशि का उपयोग 50 बहु-उत्पाद खाद्य विकिरण इकाइयों और 100 खाद्य परीक्षण प्रयोगशालाओं की स्थापना में किया जाएगा। रेल मंत्री ने कहा कि इससे खाद्य प्रसंस्करण क्षेत्र में गुणवत्ता नियंत्रण को बढ़ावा मिलेगा और किसानों को उनकी उपज का बेहतर मूल्य भी मिलेगा।
मंत्री वैष्णव ने कहा कि यह कदम प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘नए भारत’ और ‘आत्मनिर्भर भारत’ के विजन को साकार करने की दिशा में एक बड़ा प्रयास है।



