मल्ल राजवंश की भव्यता में सजा बाबा श्याम का दरबार
44वें श्री श्याम निशानोत्सव में गूंजे भक्तिरस के सुर

निश्चय टाइम्स न्यूज डेस्क |
“सांवरे सलोने सताया ना करो, रोज़-रोज़ सपनों में आया ना करो…” भजन की मधुर स्वर लहरियों के बीच ऐशबाग के तिलकनगर स्थित महाराजा अग्रसेन पार्क में भक्ति का अद्भुत समागम देखने को मिला। अवसर था श्री श्याम ज्योत मंडल द्वारा आयोजित तीन दिवसीय 44वें श्री श्याम निशानोत्सव का, जहां मल्ल राजवंश की भव्य थीम पर बाबा खाटू नरेश का अलौकिक राजदरबार सजाया गया।
इस वर्ष विशेष रूप से बिष्णुपुर की टेराकोटा शैली पर आधारित 50 फीट चौड़े और 111 फीट ऊंचे भव्य पंडाल में बाबा श्याम की मनमोहिनी छवि विराजी। स्वर्ण आभूषणों, रत्नजड़ित मोतियों और स्वर्णिम आभा से सुसज्जित बाबा का दरबार भक्तों के आकर्षण का केंद्र रहा। पंडाल की दीवारों पर देवी-देवताओं की कलात्मक झलक और टेराकोटा नक्काशी ने वातावरण को आध्यात्मिक ऊर्जा से भर दिया।
भजन संध्या में जयपुर के कुमार नरेंद्र, संजय पारीक, नवीन शर्मा, रोहित शर्मा तथा रांची की पूजा पारीक ने भक्तिरस की अविरल धारा प्रवाहित की। “ना पुष्पों के हार, ना सोने के दरबार, श्याम तो प्रेम के भूखे हैं…” जैसे भजनों पर श्रद्धालु झूम उठे। कार्यक्रम की शुरुआत पंडित गिरिजा शंकर जी द्वारा गणेश पूजन और ज्योत प्रज्वलन से हुई।
कोलकाता के गिनीज बुक रिकॉर्ड होल्डर आसिम मत्या ने दरबार निर्माण में अपनी कला से चार चांद लगाए। रंग-बिरंगे एलईडी पैनलों और विशाल तोरणद्वार की भव्य सजावट ने उत्सव को दिव्यता प्रदान की।
अध्यक्ष श्रवण अग्रवाल, कोषाध्यक्ष जितेंद्र अग्रवाल सहित मंडल के सभी पदाधिकारी और हजारों श्याम भक्त इस भव्य आयोजन के साक्षी बने।



