पानीपत से पकड़ा गया ISI एजेंट नोमान इलाही

श्रीनगर भेजकर ऑपरेशन सिंदूर के तहत कर रहा था जासूसी
हरियाणा के पानीपत से गिरफ्तार किए गए आईएसआई एजेंट नोमान इलाही को लेकर बड़ा खुलासा हुआ है। वह पिछले दो वर्षों से पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी ISI के लिए भारतीय सेना से जुड़ी जानकारियों की जासूसी कर रहा था। सुरक्षा एजेंसियों को जानकारी मिली है कि नोमान को “ऑपरेशन सिंदूर” के तहत श्रीनगर भेजा जाना था, ताकि वह वहां सेना की गतिविधियों पर नजर रख सके और संवेदनशील सूचनाएं पाकिस्तान तक पहुंचा सके।

नोमान उत्तर प्रदेश के शामली जिले के कैराना कस्बे के बाजार बेगमपुरा मोहल्ले का निवासी है। तीन दिन पहले पानीपत पुलिस ने उसे जासूसी के आरोप में गिरफ्तार किया था। शुक्रवार को पानीपत सीआईए की टीम उसे लेकर सुबह करीब छह बजे कैराना पहुंची और स्थानीय पुलिस की मौजूदगी में उसके घर की तलाशी ली। तलाशी के दौरान कई संदिग्ध दस्तावेज, पासपोर्ट और आईएसआई नेटवर्क से जुड़े सबूत बरामद किए गए। पुलिस जांच में सामने आया है कि नोमान के मोबाइल की व्हाट्सएप चैट में पाकिस्तान स्थित हैंडलर्स के निर्देश मिले हैं, जिनमें उससे कहा गया था कि वह श्रीनगर जाकर सेना की मूवमेंट और कैंपों से जुड़ी जानकारी भेजे। हर जानकारी के बदले में उसे बड़ी रकम देने और अमीर बना देने का वादा किया गया था।
नोमान सूचनाएं भेजने के बाद अक्सर अपनी चैट्स को डिलीट कर देता था, लेकिन उसके फोन से कई अहम स्क्रीनशॉट्स, वीडियो कॉल्स की रिकॉर्डिंग्स और पाकिस्तानी एजेंट्स की लोकेशन संबंधी चैट बरामद की गई हैं। पुलिस अब यह भी जांच कर रही है कि उसके नेटवर्क में और कौन-कौन लोग शामिल हैं। इस हाई-प्रोफाइल गिरफ्तारी के बाद सुरक्षा एजेंसियां सतर्क हो गई हैं और नोमान को श्रीनगर भेजे जाने की साजिश की गहराई से जांच की जा रही है। आरोपी को लेकर सेना और अन्य केंद्रीय जांच एजेंसियों की भी पूछताछ जारी है।


