कानपुर के चकेरी थाना क्षेत्र में ई-रिक्शा चालक उपेंद्र कुमार कुशवाहा के साथ पुलिस द्वारा मदद के बजाय मारपीट और लूटपाट का मामला सामने आया है। घटना 27 दिसंबर की रात की है, जब उपेंद्र साधन न मिलने पर पैदल घर जा रहे थे।
मदद की जगह मिली मारपीट
महाराजपुर के छतमरा गांव निवासी उपेंद्र ने बताया कि अहिरवां में अपने मालिक के घर ई-रिक्शा खड़ा करने के बाद वह रात करीब 11 बजे पैदल घर के लिए निकले। चकेरी मोड़ पर कोई वाहन न रुकने पर एक व्यक्ति की सलाह पर उन्होंने डायल 112 पर कॉल कर पुलिस से मदद मांगी।
बाइक से पहुंचे दो सिपाहियों से उन्होंने कोई वाहन रुकवाकर घर छोड़ने की गुजारिश की। लेकिन, आरोप है कि सिपाही नाराज हो गए और गाली-गलौज करने के बाद उनके साथ मारपीट की। इतना ही नहीं, सिपाहियों ने उनकी जेब में रखे 675 रुपये भी लूट लिए।
एम्बुलेंस बुलाई और कराया उपचार
घटना के बाद घायल उपेंद्र ने डायल 108 पर फोन कर एंबुलेंस बुलाई और कांशीराम अस्पताल में प्राथमिक उपचार कराया।
शिकायत के बाद भी नहीं हुई कार्रवाई
अगले दिन चकेरी थाने में शिकायत दर्ज कराई गई, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। उपेंद्र ने बताया कि वह महाकुंभ और साले की शादी के लिए उरई चले गए थे। लौटने के बाद उन्होंने फिर से चकेरी थाने में शिकायत की।
पुलिस का बयान
एसीपी चकेरी दिलीप कुमार सिंह ने कहा कि मामले की जानकारी नहीं है। शिकायत मिलने पर जांच कर कार्रवाई की जाएगी।