म्यांमार-थाईलैंड भूकंप: भीषण तबाही से कांप उठी धरती, पीएम मोदी ने जताया दुख

म्यांमार और थाईलैंड में आए भीषण भूकंप ने जमकर तबाही मचाई है। भूकंप की तीव्रता इतनी अधिक थी कि दोनों देशों में जान-माल का भारी नुकसान हुआ है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस दुखद घटना पर गहरी संवेदना व्यक्त की है। उन्होंने एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर एक पोस्ट कर कहा कि वह भूकंप के बाद की स्थिति से बेहद चिंतित हैं। पीएम मोदी ने कहा कि भारत म्यांमार और थाईलैंड की हर संभव मदद के लिए तैयार है और उन्होंने अधिकारियों को तुरंत राहत कार्य में जुटने के निर्देश दिए हैं।
म्यांमार में आए भूकंप के बड़े झटके
शुक्रवार सुबह म्यांमार में भूकंप के दो बड़े झटकों ने धरती को हिला कर रख दिया। अमेरिकी भू-वैज्ञानिक सर्वेक्षण (USGS) के अनुसार, पहला भूकंप 7.7 तीव्रता का था, जो सागाइंग क्षेत्र में आया। यह भूकंप लगभग 10 किलोमीटर की गहराई में दर्ज किया गया। इसके कुछ देर बाद नैशनल सेंटर फॉर सीस्मोलॉजी ने इसकी तीव्रता 7.5 बताई। दूसरा झटका भी 7.0 तीव्रता का था, जिसने और अधिक तबाही मचाई।

थाईलैंड में मची अफरातफरी
म्यांमार के अलावा थाईलैंड में भी भूकंप ने कहर बरपाया। सबसे ज्यादा नुकसान बैंकॉक में हुआ, जहां एक बहुमंजिला इमारत महज 3 सेकंड में जमींदोज हो गई। सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो में धुएं का गुबार और सदमे में बैठे लोग देखे जा सकते हैं। एक ट्रेन को झूले की तरह हिलते हुए भी देखा गया।
आफ्टर शॉक ने दहलाया मेघालय और बांग्लादेश
भूकंप का असर सिर्फ म्यांमार और थाईलैंड तक सीमित नहीं रहा। कुछ घंटे बाद इसके आफ्टर शॉक ने मेघालय और बांग्लादेश में भी कंपन महसूस कराया। स्थानीय लोगों में दहशत का माहौल है और राहत व बचाव कार्य युद्ध स्तर पर जारी है।
भारत की तत्परता और मदद का आश्वासन
प्रधानमंत्री मोदी ने विदेश मंत्रालय को निर्देश दिया है कि वे म्यांमार और थाईलैंड की सरकारों के साथ निरंतर संपर्क बनाए रखें। उन्होंने अधिकारियों से भी राहत और बचाव कार्य के लिए तत्पर रहने का निर्देश दिया है।



