हरिद्वार भगदड़ हादसे पर राष्ट्रव्यापी शोक: राष्ट्रपति मुर्मू ने जताया दुख

हरिद्वार के मनसा देवी मंदिर की ओर जाने वाले मार्ग पर रविवार सुबह हुए भगदड़ हादसे में छह श्रद्धालुओं की दर्दनाक मौत हो गई, जबकि कई अन्य गंभीर रूप से घायल हुए हैं। हादसे की खबर फैलते ही पूरे देश में शोक की लहर दौड़ गई। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने इस घटना पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए कहा कि वह मृतकों के परिजनों के प्रति संवेदना प्रकट करती हैं और घायलों के शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की प्रार्थना करती हैं।
राष्ट्रपति ने सोशल मीडिया प्लेटफ़ॉर्म एक्स पर अपनी संवेदनाएं व्यक्त करते हुए लिखा, “हरिद्वार में मनसा देवी मंदिर के रास्ते में हुई भगदड़ की खबर बेहद पीड़ादायक है। मैं सभी शोक संतप्त परिवारों के प्रति अपनी हार्दिक संवेदना प्रकट करती हूं और घायल श्रद्धालुओं के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करती हूं।” इस दुखद घटना पर आम आदमी पार्टी प्रमुख अरविंद केजरीवाल ने भी प्रतिक्रिया देते हुए इसे “दिल को झकझोर देने वाली” त्रासदी करार दिया। उन्होंने कहा कि यह हादसा केवल दुर्घटना नहीं, बल्कि प्रशासनिक विफलता का परिणाम है। उन्होंने लिखा, “धार्मिक स्थलों पर ऐसी घटनाएं यह साबित करती हैं कि व्यवस्था में गंभीर चूक हुई है। दोषियों की जवाबदेही तय की जानी चाहिए।”
इस बीच, उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने पत्रकारों को संबोधित करते हुए हादसे पर दुख जताया और मजिस्ट्रेट जांच के आदेश दिए। उन्होंने मृतकों के परिजनों को ₹2 लाख और घायलों को ₹50,000 की अनुग्रह राशि देने की घोषणा की। सीएम धामी ने बताया कि घायलों का इलाज हरिद्वार के विभिन्न अस्पतालों में किया जा रहा है, जबकि कुछ गंभीर घायलों को एम्स ऋषिकेश में स्थानांतरित किया गया है। राज्य सरकार ने एक टोल-फ्री हेल्पलाइन नंबर भी जारी किया है ताकि पीड़ित परिवारों को सहायता प्रदान की जा सके। जांच के बाद हादसे के कारणों की विस्तृत जानकारी सामने आने की उम्मीद है।



