ऑपरेशन कालनेमि: उत्तराखंड पुलिस की बड़ी कार्रवाई

देहरादून। उत्तराखंड की देवभूमि में आस्था की आड़ में लोगों को ठगने वालों पर अब पुलिस का शिकंजा कसता जा रहा है। मुख्यमंत्री के निर्देश पर चलाए जा रहे “ऑपरेशन कालनेमि” के तहत दूसरे दिन भी पुलिस ने बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है।
देहरादून जिले के विभिन्न थाना क्षेत्रों में पुलिस ने साधु-संतों के भेष में घूम रहे 23 ढोंगी बाबाओं को गिरफ्तार किया है। इनमें से 10 आरोपी अन्य राज्यों से हैं, जो यहां आकर लोगों को धोखा देने का काम कर रहे थे।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अजय सिंह ने जानकारी देते हुए बताया कि “इन ढोंगी बाबाओं का मकसद धर्म का दिखावा कर लोगों को खासकर महिलाओं और युवाओं को घरेलू और निजी समस्याओं के समाधान का झांसा देकर ठगना था।”

गिरफ्तार आरोपियों के नाम व निवास स्थान:
सरदारों – देहरादून, लखनपाल सिंह – देहरादून, शिव कुमार – देहरादून, मनोज कुमार जोशी – बिजनौर, गुरदास सिंह – देहरादून, माताफेर गोस्वामी – देहरादून, सोहन सिंह – देहरादून, अभिलाख सिंह – हरिद्वार, महेंद्र – देहरादून, वेदप्रकाश – हाथरस,
मोहन गिरि – बिजनौर, संतोष कुमार – मैनपुरी, सुल्तान नाथ – देहरादून, मगन पंडित – कोलकाता (पश्चिम बंगाल), हरि प्रसाद – ऋषिकेश, राजेंद्र कुमार – लक्सर (हरिद्वार),
रघुनाथ साहनी – दरभंगा (बिहार), अनिल थापा – देहरादून, गुलाब चंद्र विश्वास – कोलकाता (पश्चिम बंगाल), गुलशन नाथ – सिरसा (हरियाणा), संदीप नाथ – हरियाणा
पामती नाथ – देहरादून, बल्लू – देहरादून।
अभियान का उद्देश्य:
“ऑपरेशन कालनेमि” का मकसद ऐसे छद्मवेशधारी बाबाओं की पहचान कर उन्हें कानून के दायरे में लाना है जो धार्मिक विश्वास का दुरुपयोग कर आम जनता को धोखा देते हैं।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की पहल:
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए हैं कि धर्म की आड़ में किसी को भी भ्रम फैलाने, ठगी करने या लोगों की भावनाओं से खिलवाड़ करने की अनुमति न दी जाए।



