डिजिटल भुगतान पर भरोसा बढ़ाने की कवायद, बढ़ते साइबर फ्रॉड ने बढ़ाई चिंता
10 लाख लोगों तक जागरूकता अभियान, लेकिन ठगी के मामलों पर सवाल

‘थोड़ा ध्यान से’ का संदेश, डिजिटल सुरक्षा की चुनौती बरकरार
निश्चय टाइम्स न्यूज नेटवर्क | डीएफ हिंदी
देश में डिजिटल भुगतान को बढ़ावा देने और लोगों में जागरूकता फैलाने के उद्देश्य से डिजिटल पेमेंट्स अवेयरनेस वीक 2026 का आयोजन 9 से 13 मार्च तक किया जा रहा है। इस दौरान भारतीय रिजर्व बैंक के गवर्नर संजय मल्होत्रा ने ‘डिजिटल पेमेंट्स पर जागरूकता कार्यक्रम’ नामक एक पायलट पहल की शुरुआत की। हालांकि इस पहल के साथ ही डिजिटल लेन-देन में बढ़ते साइबर फ्रॉड और उपभोक्ता सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल भी उठ रहे हैं।
इस पायलट कार्यक्रम को महाराष्ट्र में सीएससी ई-गवर्नेंस सर्विसेज इंडिया लिमिटेड के सहयोग से लागू किया जाएगा। योजना के तहत ग्रामीण और अर्ध-शहरी क्षेत्रों में लगभग 10 लाख लोगों को डिजिटल भुगतान के बारे में जागरूक किया जाएगा। इसके लिए गांव स्तर के उद्यमियों (VLEs) के माध्यम से प्रत्यक्ष कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
कार्यक्रम के शुभारंभ के दौरान आरबीआई गवर्नर ने कहा कि डिजिटल भुगतान प्रणाली में जनता का भरोसा बनाए रखना बेहद आवश्यक है। उन्होंने बताया कि रिजर्व बैंक उपभोक्ता जागरूकता और सुरक्षा को मजबूत करने के लिए लगातार प्रयास कर रहा है। उन्होंने संबंधित संस्थाओं और हितधारकों से मिलकर डिजिटल भुगतान को और सुरक्षित तथा भरोसेमंद बनाने की अपील की।
इस अवसर पर रिजर्व बैंक ने “थोड़ा ध्यान से” नामक एक मल्टीमीडिया जागरूकता अभियान भी शुरू किया, जिसका उद्देश्य लोगों को ऑनलाइन लेन-देन के दौरान सतर्क रहने के लिए प्रेरित करना है। अभियान के माध्यम से उपयोगकर्ताओं को यह बताया जाएगा कि डिजिटल भुगतान करते समय किन सावधानियों का पालन करना चाहिए।
हालांकि विशेषज्ञों का मानना है कि देश में डिजिटल भुगतान तेजी से बढ़ रहा है, लेकिन इसके साथ ही साइबर ठगी और ऑनलाइन धोखाधड़ी के मामले भी लगातार सामने आ रहे हैं। ऐसे में केवल जागरूकता अभियान ही नहीं, बल्कि मजबूत सुरक्षा ढांचा और प्रभावी निगरानी तंत्र भी उतना ही जरूरी है।
कार्यक्रम के बाद आरबीआई गवर्नर ने चुनिंदा पेमेंट सिस्टम ऑपरेटरों (PSOs) के प्रबंध निदेशकों और मुख्य कार्यकारी अधिकारियों के साथ बातचीत भी की। इस दौरान डिजिटल भुगतान के विस्तार, सुरक्षा और उपभोक्ता विश्वास को मजबूत करने पर चर्चा हुई।
कार्यक्रम में आरबीआई के उप-गवर्नर टी. रबी शंकर, डॉ. पूनम गुप्ता और एस.सी. मुरमू सहित कई वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद रहे।
फिलहाल सवाल यही है कि क्या जागरूकता अभियानों से डिजिटल भुगतान पर भरोसा मजबूत होगा, या बढ़ती साइबर चुनौतियां इस भरोसे को लगातार चुनौती देती रहेंगी।



