गोरखपुर के अस्पताल में नर्स की संदिग्ध मौत, गला दबाकर हत्या की आशंका

-संचालक के खिलाफ केस दर्ज, अस्पताल सील
गोरखपुर से सटे संतकबीरनगर जिले के खलीलाबाद स्थित टेमा रहमत इलाके में संचालित संस हॉस्पिटल एंड ट्रामा सेंटर में काम करने वाली एक 24 वर्षीय नर्स की संदिग्ध परिस्थिति में मौत हो गई। प्राथमिक जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट में सामने आया है कि युवती की गला दबाकर हत्या की गई है। उसके गले में तीन जगह खरोंच के निशान मिले हैं और गले की तीन हड्डियाँ टूटी पाई गई हैं।
घटना के बाद परिजनों की तहरीर पर पुलिस ने अस्पताल संचालक रामजी राव के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कर उसे हिरासत में ले लिया है। सीएमओ के निर्देश पर अस्पताल को सील कर दिया गया है। अस्पताल में भर्ती चार मरीजों को दूसरे अस्पतालों में शिफ्ट किया गया।
मृतका खलीलाबाद में स्थित इस अस्पताल में 13 माह से रिसेप्शनिस्ट और नर्स के रूप में काम कर रही थी और पिछले कुछ समय से रात की ड्यूटी कर रही थी। सोमवार रात 11 बजे उसने अपनी मां को फोन कर बताया था कि वह अस्पताल में ही रुकेगी और मंगलवार सुबह घर आएगी। लेकिन सुबह सात बजे जब वह कमरे से बाहर नहीं निकली, तो साथी कर्मचारियों ने जाकर देखा। कमरे में नर्स बेसुध हालत में मिली, और गले पर खरोंच के निशान देखकर हत्या की आशंका जताई गई।
अस्पताल के संचालक ने पहले किडनी में पथरी और दर्द के कारण दवा देने की बात कही, लेकिन पोस्टमार्टम में गला दबाने की पुष्टि के बाद मामला संगीन हो गया। पुलिस ने अस्पताल के सीसीटीवी डीवीआर जब्त कर लिया है और उस समय तैनात सभी कर्मियों से पूछताछ कर रही है।
बताया जा रहा है कि युवती सप्ताह में एक बार ही घर जाती थी और काफी कर्मठ और आत्मनिर्भर थी। परिजनों का कहना है कि अस्पताल और पुलिस दोनों ही स्पष्ट जानकारी नहीं दे रहे हैं, लेकिन उन्हें स्टाफ से अंदरूनी जानकारी मिली है कि घटना में किसी की संलिप्तता हो सकती है।
पोस्टमार्टम तीन डॉक्टरों के पैनल द्वारा वीडियोग्राफी के साथ कराया गया है। पुलिस हर एंगल से जांच कर रही है, जिसमें कमरे तक कोई अन्य रास्ते से पहुंचा या नहीं, इसकी भी पड़ताल की जा रही है। फिलहाल पुलिस इस मामले को सुनियोजित हत्या मानते हुए गहराई से जांच कर रही है। अस्पताल और वहां के स्टाफ की भूमिका भी संदेह के घेरे में है।



