मदरसों के सिलेबस में बड़ा बदलाव करेगी योगी सरकार

अब पढ़ाई जाएगी साइंस-मैथ और कंप्यूटर
उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने मदरसों की शिक्षा व्यवस्था में ऐतिहासिक बदलाव की दिशा में कदम बढ़ा दिया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में हुई एक अहम बैठक में तय किया गया कि राज्य के मदरसों में दीनी तालीम के साथ-साथ अब आधुनिक शिक्षा भी दी जाएगी। इस फैसले के तहत इंग्लिश, हिंदी, गणित, साइंस और कंप्यूटर जैसे विषयों को मदरसा शिक्षा में शामिल किया जाएगा।
राज्य के अल्पसंख्यक कल्याण राज्य मंत्री दानिश आज़ाद अंसारी ने NDTV से बातचीत में कहा कि सरकार की मंशा दीनी तालीम पर रोक लगाने की नहीं है, बल्कि इसमें आधुनिक विषयों को जोड़कर छात्रों को और अधिक सक्षम बनाने की है। उन्होंने कहा कि मुस्लिम समाज के बच्चों को यह विकल्प मिलना चाहिए कि वे चाहें तो मौलवी बनें या फिर आईएएस, डॉक्टर और इंजीनियर। सरकार का मानना है कि शिक्षा का दायरा सीमित नहीं होना चाहिए और मदरसों के छात्रों को भी वही अवसर मिलने चाहिए जो सामान्य स्कूलों के छात्रों को मिलते हैं। इसीलिए अब मदरसों में सिर्फ धार्मिक शिक्षा तक सीमित न रहकर 21वीं सदी की जरूरतों के अनुसार पाठ्यक्रम तैयार किया जा रहा है।
राज्य सरकार इस बदलाव को लेकर पूरी तैयारी कर रही है। टेक्नोलॉजी, डिजिटल लर्निंग और स्किल डिवेलपमेंट को भी सिलेबस में जोड़ा जाएगा ताकि छात्र तकनीकी दुनिया में भी अपना भविष्य बना सकें। मंत्री दानिश अंसारी ने कहा कि इस बदलाव को लेकर आम मुस्लिम समाज का समर्थन मिल रहा है और केवल कुछ राजनीतिक मानसिकता के लोग ही इसका विरोध कर सकते हैं। उनका स्पष्ट संदेश था कि मदरसा शिक्षा खत्म नहीं हो रही, बल्कि उसे आधुनिक और प्रासंगिक बनाया जा रहा है। योगी सरकार का यह कदम मुस्लिम युवाओं को नई दिशा देने और उन्हें मुख्यधारा की शिक्षा व्यवस्था से जोड़ने का प्रयास है।


