सीएम योगी ने किया ‘द रेड बुक ऑफ इमरजेंसी’ के हिंदी संस्करण का विमोचन

निश्चय टाइम्स न्यूज डेस्क
। चिकित्सा आपातकाल के दौरान जागरूकता की कमी से होने वाली मौतों को रोकने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने “द रेड बुक ऑफ इमरजेंसी – लाइफ सेविंग टिप्स” के हिंदी संस्करण का विमोचन किया। SACTEM Foundation की इस जन-जागरूकता पहल का उद्देश्य आम लोगों तक जीवनरक्षक जानकारी पहुंचाकर मेडिकल इमरजेंसी के समय सही निर्णय लेने में मदद करना है।
पुस्तक के लेखक मेदांता हॉस्पिटल, लखनऊ के इमरजेंसी मेडिसिन एवं ट्रॉमा केयर विभाग के निदेशक डॉ. लोकेन्द्र गुप्ता हैं, जबकि डॉ. उत्सव आनंद मणि इसके सह-लेखक हैं। सरल हिंदी भाषा में तैयार की गई यह पुस्तक लोगों को हार्ट अटैक, स्ट्रोक, दुर्घटना, जलन, विषाक्तता, गंभीर संक्रमण और रक्तस्राव जैसी आपात स्थितियों की पहचान और उनसे निपटने की प्राथमिक जानकारी प्रदान करती है।
डॉ. लोकेन्द्र गुप्ता ने कहा कि वर्षों के अनुभव में उन्होंने अनेक ऐसे मरीज देखे, जिन्हें समय पर अस्पताल नहीं पहुंचाया जा सका क्योंकि परिजन आपातकालीन संकेतों को पहचान नहीं पाए। उन्होंने कहा कि जागरूकता की कमी और भ्रामक जानकारियों के कारण कई बहुमूल्य जानें चली जाती हैं। यही सोच इस पुस्तक की प्रेरणा बनी।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी इस प्रयास की सराहना करते हुए कहा कि ऐसी उपयोगी पुस्तकों को विद्यालयों और महाविद्यालयों तक पहुंचाया जाना चाहिए ताकि युवाओं में शुरुआती स्तर से ही जीवनरक्षक जागरूकता विकसित हो सके। उन्होंने कहा कि समाज के प्रति प्रत्येक नागरिक की जिम्मेदारी है कि वह जनहित के कार्यों में अपनी भूमिका निभाए।
पुस्तक में वास्तविक घटनाओं, मेडिकल मिथकों और तथ्यों, इमरजेंसी रेड फ्लैग्स, अस्पताल पहुंचने से पहले उठाए जाने वाले कदमों और जागरूकता वीडियो से जुड़े QR कोड भी शामिल किए गए हैं। Jaypee Brothers Medical Publishers द्वारा प्रकाशित यह पुस्तक Amazon सहित प्रमुख ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स पर उपलब्ध है।
विशेषज्ञों का मानना है कि यह पुस्तक केवल एक प्रकाशन नहीं, बल्कि समाज को अधिक जागरूक, सुरक्षित और सक्षम बनाने की दिशा में एक व्यापक अभियान है, जो ‘गोल्डन ऑवर’ के महत्व को समझाकर हजारों जीवन बचाने में मददगार साबित हो सकता है।



