2014 के ‘एक रडार’ वाले यूपी में अब रडार और सेंसरों की सुनामी; डॉ. जितेंद्र सिंह का दावा—”मौसम के मिजाज पर होगी वीआईपी नजर!”
लखनऊ में खुला मौसम का 'महा-कंट्रोल रूम': सीएम योगी और जितेंद्र सिंह ने किया उद्घाटन; अब आसमानी आफत आने से पहले मचेगा शोर!

निश्चय टाइम्स न्यूज़ डेस्क
उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ से इस वक्त एक बहुत ही धमाकेदार और हाई-प्रोफाइल वैज्ञानिक खबर आ रही है। सूबे के मुख्यमंत्री श्री योगी आदित्यनाथ और केंद्रीय मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने मिलकर लखनऊ में नए ‘क्षेत्रीय मौसम विज्ञान केंद्र’ (RMC) का फीता काट दिया है। इस उद्घाटन के साथ ही मौसम के मिजाज पर नजर रखने वाले मठाधीशों को एक ऐसा आधुनिक ठिकाना मिल गया है, जो यूपी, उत्तराखंड और आसपास के राज्यों में आने वाली हर आसमानी आफत का कच्चा-चिट्ठा पहले ही खोल देगा।
2014 के पिछड़ेपन पर तगड़ा प्रहार! मंच से केंद्रीय मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने पिछली सरकारों के दौर पर तंज कसते हुए आंकड़ों का ऐसा बारूदी घपला सामने रखा कि विरोधी चारों खाने चित हो गए। उन्होंने कहा कि साल 2014 में पूरे उत्तर प्रदेश में केवल ‘एक’ डॉप्लर मौसम रडार था, जिसके भरोसे करोड़ों की आबादी राम-भरोसे जी रही थी। लेकिन आज डबल-इंजन सरकार के दम पर राज्य में तीन रडार गरज रहे हैं और छह नए रडार बहुत जल्द चालू होने वाले हैं। स्वचालित मौसम स्टेशनों को भी 59 से बढ़ाकर सीधे 107 कर दिया गया है।
बिजली गिरने के सेंसरों का बढ़ा रसूख, ‘मिशन मौसम’ से मचेगा गदर मंत्री जी ने बताया कि यूपी में पहले बिजली गिरने का पता लगाने वाले सेंसरों की संख्या ‘अंडा’ यानी जीरो थी, जो अब बढ़कर 7 हो चुकी है। यही नहीं, ‘मिशन मौसम’ के तहत अगले दो सालों में पूरे भारत में 100 डॉप्लर मौसम रडार तैनात कर दिए जाएंगे। डॉ. जितेंद्र सिंह ने जनता को कड़क लहजे में चेतावनी देते हुए कहा कि सरकार ने तो करोड़ों की तकनीक लगा दी है, लेकिन अगर जनता ने प्रारंभिक चेतावनियों को गंभीरता से नहीं लिया, तो सारा इंतजाम धरा का धरा रह जाएगा। कुल मिलाकर कहें तो, इस नए सेंटर से अब बादलों की मनमानी पर पूरी तरह से सरकारी ताला लग गया है!



