PMIS में बड़ा बदलाव—अब अंतिम वर्ष के छात्र भी पा सकेंगे टॉप कंपनियों में पेड इंटर्नशिप
18–25 आयु वर्ग के युवाओं को मौका—NEP के तहत शिक्षा से रोजगार तक सीधा कनेक्शन मजबूत
(निश्चय टाइम्स न्यूज डेस्क)
: कॉर्पोरेट मामलों का मंत्रालय (MCA) ने युवाओं की रोजगार क्षमता को बढ़ाने के उद्देश्य से प्रधानमंत्री प्रशिक्षण योजना (PMIS) के पात्रता मानदंडों में बड़ा विस्तार किया है। अब स्नातक और स्नातकोत्तर के अंतिम वर्ष के छात्र भी इस योजना के तहत आवेदन कर सकेंगे।
इस फैसले से छात्रों को पढ़ाई पूरी होने से पहले ही देश की शीर्ष कंपनियों में संरचित और सशुल्क प्रशिक्षण का अवसर मिलेगा। यह कदम राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के उस लक्ष्य के अनुरूप है, जिसमें शिक्षा और रोजगार के बीच की दूरी को कम करने पर जोर दिया गया है।
नई व्यवस्था के अनुसार, 18 से 25 वर्ष की आयु के पात्र छात्र पीएमआईएस पोर्टल के माध्यम से आवेदन कर सकते हैं। हालांकि, आवेदन के दौरान संबंधित संस्थान से अनापत्ति प्रमाण पत्र (NOC) देना अनिवार्य होगा, जिससे यह सुनिश्चित किया जा सके कि प्रशिक्षण से पढ़ाई प्रभावित न हो।
योजना के तहत छात्रों को प्रति माह कम से कम ₹9,000 की वित्तीय सहायता मिलेगी। वर्तमान में इस योजना के पायलट चरण में 300 से अधिक कंपनियां भाग ले रही हैं, जो विभिन्न क्षेत्रों में प्रशिक्षण के अवसर प्रदान कर रही हैं।
विशेषज्ञों का मानना है कि यह पहल छात्रों को वास्तविक कार्यस्थल अनुभव प्रदान करेगी, जिससे उनमें समस्या समाधान, संचार, टीमवर्क और अनुकूलनशीलता जैसे जरूरी कौशल विकसित होंगे। इससे न केवल उनकी रोजगार क्षमता बढ़ेगी, बल्कि वे नौकरी के लिए अधिक तैयार भी हो सकेंगे।
पीएमआईएस का उद्देश्य अकादमिक शिक्षा और उद्योग की अपेक्षाओं के बीच की खाई को पाटना है। यह योजना युवाओं को करियर की शुरुआत से पहले ही कॉर्पोरेट वातावरण का अनुभव देने में अहम भूमिका निभाएगी।


