चित्रकूट में पानी को तरसती जनता देख अंडरग्राउंड हुआ भाजपा का विकास-अखिलेश यादव
'हर घर जल' का नारा सिर्फ दीवारों पर; भ्रष्टाचार के कारण कहीं पुल तो कहीं गिर रही हैं पानी की टंकियां

निश्चय टाइम्स न्यूज डेस्क
समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री श्री अखिलेश यादव ने बुंदेलखंड के चित्रकूट जिले में गहराए भीषण जल संकट को लेकर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की सरकार पर सीधा और करारा हमला बोला है। सपा प्रमुख ने कहा कि चित्रकूट में पानी की एक-एक बूंद के लिए तरसते बुजुर्गों, महिलाओं और मासूम बच्चों की दयनीय स्थिति को देखकर भाजपा के तथाकथित विकास का खोखला दावा पूरी तरह से अंडरग्राउंड (गायब) हो गया है। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि प्यासी जनता त्राहि-त्राहि कर रही है और कह रही है कि हमें आज पीने के लिए पानी दे दीजिए, हम साल 2047 के विकसित भारत के हवाई सपने को लेकर आखिर क्या करेंगे?
जल जीवन मिशन में महा-भ्रष्टाचार, दीवारों पर सिमटा ‘हर घर जल’
अखिलेश यादव ने सरकारी योजनाओं की जमीनी हकीकत को उजागर करते हुए कमीशनखोरी के गंभीर आरोप लगाए:
- दीवारों पर लिखा नारा: उन्होंने कहा कि जब तक भाजपा का यह महा-भष्टाचारी शासन सत्ता में रहेगा, तब तक ‘जल जीवन मिशन’ की टंकियां इसी तरह भरभराकर गिरती रहेंगी और ‘हर घर जल’ का सुंदर नारा सिर्फ दीवारों पर ही लिखा हुआ मिलेगा।
- बजट की खुली लूट: सपा प्रमुख ने आरोप लगाया कि विकास विरोधी भाजपा सरकार हर मोर्चे पर नाकाम साबित हुई है। इस सरकार में केवल बजट की खुली लूट हुई है और जनता का सारा पैसा भाजपाइयों की कमीशनखोरी की भेंट चढ़ जाता है। यही वजह है कि प्रदेश में कहीं पानी की टंकियां धराशायी हो रही हैं, तो कहीं नए पुल गिर रहे हैं और सड़कें पहली बारिश में ही टूट रही हैं।
गंगा-यमुना की सफाई के नाम पर धोखा; गोमती रिवर फ्रंट का दिया उदाहरण
नदियों की दुर्दशा पर सरकार को घेरते हुए पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि नदियों की सफाई के नाम पर भी भाजपा ने जनता की आंखों में सिर्फ धूल झोंकने का काम किया है।
गोमती रिवरफ्रंट बनाम भाजपा: उन्होंने कहा कि आज सारी नदियां सूखी और गंदगी से पटी पड़ी हैं। शहरों के गंदे नालों का पानी सीधे नदियों में बहाया जा रहा है और सफाई के लिए आया करोड़ों का बजट साफ कर दिया गया। भाजपाई तो मां गंगा को भी साफ नहीं कर पाए और यमुना नदी का हाल बेहद बुरा है। अखिलेश यादव ने लखनऊ के गोमती रिवर फ्रंट का उदाहरण देते हुए कहा कि समाजवादी सरकार ने नदियों को साफ रखने के लिए विश्वस्तरीय और ऐतिहासिक काम किया था, लेकिन इस विकास विरोधी सरकार ने सब कुछ बर्बाद कर दिया। उन्होंने नारा दिया— “भाजपा जाए तो जल आए। हर प्यासा कहे आज का, नहीं चाहिए भाजपा।”



