वरिष्ठ अधिवक्ता एस.सी. गुप्ता ने Oudh Bar Association अध्यक्ष पद के लिए दाखिल किया नामांकन,
विधि जगत में हलचल: पेश किए क्रांतिकारी सुधार

निश्चय टाइम्स न्यूज डेस्क
इलाहाबाद उच्च न्यायालय की लखनऊ पीठ (अवध बार एसोसिएशन) के आगामी चुनाव को लेकर सरगर्मी तेज हो गई है। गत 29 सितंबर 2026 को प्रतिष्ठित वरिष्ठ अधिवक्ता श्री एस.सी. गुप्ता ने अध्यक्ष पद के लिए अपना आधिकारिक नामांकन पत्र दाखिल किया है। इस अवसर पर जिमी गर्ग सहित कई प्रमुख अधिवक्ताओं का एक बड़ा समूह उनके समर्थन में उपस्थित रहा, जिन्होंने श्री गुप्ता की उम्मीदवारी पर हर्ष व्यक्त करते हुए उन्हें शुभकामनाएं दीं।
सुधारवादी घोषणापत्र और मुख्य एजेंडा
नामांकन दाखिल करने के उपरांत, श्री एस.सी. गुप्ता ने एक दूरदर्शी और सुधार-केंद्रित चुनावी घोषणापत्र जारी किया, जिसका मुख्य उद्देश्य न्यायिक प्रक्रियाओं को सुव्यवस्थित करना और विधिक समुदाय के कल्याण को सुनिश्चित करना है। उनके अभियान के दो मुख्य बिंदु निम्नलिखित हैं:
- एक उच्च न्यायालय और मुवक्किल सशक्तिकरण: उत्तर प्रदेश में उच्च न्यायालय के वर्तमान विभाजन को रेखांकित करते हुए, श्री गुप्ता ने “वन हाईकोर्ट” (एक उच्च न्यायालय) मॉडल का प्रस्ताव रखा है। माननीय सर्वोच्च न्यायालय की टिप्पणियों का हवाला देते हुए उन्होंने कहा कि राज्य की राजधानी में ही मुख्य उच्च न्यायालय होना चाहिए, जिससे न्यायिक शक्तियां केंद्रित हों। इस सुधार का उद्देश्य मुवक्किलों और वादकारियों को पूर्ण अधिकार देना है, ताकि वे बिना किसी अधिकार क्षेत्र की बाधा के अपनी फाइलिंग सुगमता से कर सकें।
- कर-मुक्त कैंटीन की सुविधा: अधिवक्ताओं, रजिस्ट्री कर्मियों और आगंतुकों के दैनिक कल्याण को ध्यान में रखते हुए, श्री गुप्ता ने उच्च न्यायालय की कैंटीन को पूरी तरह से कर-मुक्त (Tax-Free) बनाने का संकल्प लिया है, जो सैन्य सेवाओं में दी जाने वाली रियायती कैंटीन मॉडल के अनुरूप होगा।
अधिवक्ताओं में बढ़ा उत्साह
समर्थक अधिवक्ताओं ने श्री गुप्ता की इस दूरदृष्टि पर पूर्ण विश्वास व्यक्त किया है। उनका मानना है कि इन सुधारों से लखनऊ में विधिक बुनियादी ढांचे का आधुनिकीकरण होगा और बार सदस्यों के कल्याण को अभूतपूर्व बल मिलेगा।



